अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (International Space Station) पृथ्वी की निचली कक्षा (Low Earth Orbit) में इंसानों द्वारा बनाई गई अब तक की सबसे बड़ी और सबसे जटिल संरचना है। यह असल में अंतरिक्ष में तैरती हुई एक अत्याधुनिक विज्ञान प्रयोगशाला (Science Lab) है, जहाँ कई देशों के अंतरिक्ष यात्री रहकर ब्रह्मांड और माइक्रोग्रैविटी (Microgravity) पर शोध करते हैं।
ISS कितनी तेज़ी से घूमता है?
ISS की गति और ऊँचाई आपको हैरान कर सकती है। यह पृथ्वी की सतह से लगभग 400 से 420 किलोमीटर की ऊँचाई पर उड़ान भरता है। इसकी गति लगभग 27,600 किलोमीटर प्रति घंटा (7.66 km/s) है! इतनी तेज़ गति के कारण, ISS केवल 90 से 92 मिनट में पूरी पृथ्वी का एक चक्कर लगा लेता है। इसका मतलब है कि वहां मौजूद अंतरिक्ष यात्री हर 24 घंटे में 16 बार सूर्योदय (Sunrise) और सूर्यास्त (Sunset) देखते हैं।

ISS में ज़िंदगी कैसी होती है?
चूंकि ISS लगातार पृथ्वी की ओर गिर रहा होता है, पर अपनी गति के कारण वह पृथ्वी से टकराता नहीं, इसलिए वहां 'वजनहीनता' (Weightlessness) का अनुभव होता है। अंतरिक्ष यात्री वहां तैरते हुए अपना काम करते हैं:
- प्रयोग और शोध: वे ऐसी दवाइयों और सामग्रियों पर रिसर्च करते हैं जो पृथ्वी की गुरुत्वाकर्षण के कारण यहां नहीं बनाई जा सकतीं।
- कसरत (Exercise): माइक्रोग्रैविटी में मांसपेशियों और हड्डियों को कमज़ोर होने से बचाने के लिए उन्हें दिन में 2 घंटे कड़ी कसरत करनी पड़ती है।
- नींद: अंतरिक्ष यात्री स्लीपिंग बैग (Sleeping bags) में सोते हैं जिन्हें दीवार से बांध दिया जाता है ताकि वे सोते समय इधर-उधर न तैरें।
क्या हम ISS को ज़मीन से देख सकते हैं?
हाँ! ISS आकाश में रात के समय शुक्र ग्रह के बाद सबसे चमकीली चीज़ है। जब यह आपके शहर के ऊपर से गुज़रता है, तो यह एक तेज़ गति से चलते हुए एक बिना झिलमिलाते तारे (Non-twinkling star) जैसा दिखाई देता है। हमारे ऊपर दिए गए लाइव ट्रैकर का इस्तेमाल करके आप जान सकते हैं कि यह अभी दुनिया के किस हिस्से के ऊपर है!



