क्या आपने कभी सोचा है कि अगर आप चाँद (Moon) या मंगल (Mars) ग्रह पर छलांग लगाएं तो क्या होगा? यकीन मानिए, बिना किसी जिम या डाइट के आप दूसरे ग्रहों पर बहुत हल्के या बहुत भारी हो सकते हैं! यह कोई जादू नहीं है, बल्कि यह सब गुरुत्वाकर्षण (Gravity) का ब्रह्मांडीय गणित है।
द्रव्यमान (Mass) बनाम वज़न (Weight)
ज़्यादातर लोग इन दोनों शब्दों को एक ही मानते हैं, लेकिन विज्ञान में ये बिल्कुल अलग हैं। द्रव्यमान (Mass) यह बताता है कि आपका शरीर कितने पदार्थों से बना है, यह पूरे ब्रह्मांड में कभी नहीं बदलता। वहीं वज़न (Weight) वह बल है जिससे कोई ग्रह आपको अपनी ओर खींचता है।

मंगल ग्रह (Mars): छलांग लगाने की आज़ादी
मंगल ग्रह पृथ्वी से बहुत छोटा है और इसका द्रव्यमान भी कम है। इसलिए इसकी गुरुत्वाकर्षण शक्ति पृथ्वी के मुकाबले सिर्फ 38% है। अगर पृथ्वी पर आपका वज़न 100 किलो है, तो मंगल ग्रह पर आप सिर्फ 38 किलो के रह जाएंगे!
बृहस्पति (Jupiter): भारी गुरुत्वाकर्षण
बृहस्पति हमारे सौरमंडल का सबसे बड़ा ग्रह है। इसका गुरुत्वाकर्षण पृथ्वी से लगभग 2.5 गुना अधिक है। यदि पृथ्वी पर आपका वज़न 60 किलो है, तो बृहस्पति पर यह लगभग 151 किलो महसूस होगा।
क्या आप जानते हैं?
न्यूट्रॉन तारों (Neutron Stars) पर गुरुत्वाकर्षण इतना अधिक होता है कि आपका वज़न पृथ्वी के वज़न से अरबों गुना ज़्यादा होगा। वहाँ पहुँचते ही इंसानी शरीर तुरंत दबकर नष्ट हो जाएगा!












